महासमुंद। दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में श्री शांति विजय सेवा समिति, महासमुंद द्वारा 23 एवं 24 अक्टूबर 2026 को श्री शांतिनाथ जैन भवन, गांधी चौक में बैटरी से संचालित इलेक्ट्रॉनिक कृत्रिम हाथों का दो दिवसीय निःशुल्क शिविर आयोजित किया गया। महासमुंद में पहली बार आयोजित इस शिविर में लगभग 24 दिव्यांगजनों को कृत्रिम हाथ प्रदान किए गए। छत्तीसगढ़ के विभिन्न क्षेत्रों के अतिरिक्त आंध्र प्रदेश एवं उत्तर प्रदेश से भी दिव्यांगजन इस सुविधा का लाभ उठाने पहुंचे।
शिविर का शुभारंभ समिति के सदस्य श्री हेमंत झाबक द्वारा प्रस्तुत सरस्वती वंदना से हुआ। तत्पश्चात श्री धरमचंद श्रीश्रीमाल ने गुरुदेव श्री शांति विजय जी के चित्रपट पर दीप प्रज्वलित कर एवं माल्यार्पण करके कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर रोटरी क्लब ऑफ पूना डाउनटाउन के प्रतिनिधि श्री गौतम जी तथा इनाली फाउंडेशन के श्री आशुतोष जी एवं उनकी टीम का श्री शांति विजय सेवा समिति द्वारा बहुमान किया गया।
बहुमान करने वालों में समिति के अध्यक्ष श्री महेंद्र श्रीश्रीमाल, उपाध्यक्ष श्री गुमान लुनिया, सचिव श्री सुशील बोथरा, कोषाध्यक्ष श्री संतोष कोटडिया तथा वरिष्ठ सदस्य श्री जवेरी गोलछा, श्री नीलम पारख, श्री सुभाष बाफना, श्री संकल्प पारख, श्री प्रेम बरडिया, श्री राजा चोपड़ा एवं श्री गौरव बरडिया शामिल रहे।
इस अवसर पर महासमुंद शहर के अनेक गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे, जिनमें श्री मनोज पींचा, श्री ललित लुनिया, श्री के.के. जैन, श्री माली साहब, श्री भरत ठाकुर, श्री दिलीप मालू, श्री जसराज कोचर, श्री अशोक पींचा, श्री नारायण नामदेव एवं श्री दाऊलाल चंद्राकर सहित अन्य गणमान्यजन शामिल थे।
इनाली फाउंडेशन की टीम द्वारा लाभार्थियों की आवश्यकतानुसार मौके पर ही बैटरी से संचालित इलेक्ट्रॉनिक कृत्रिम हाथ तैयार कर फिट किए गए तथा उनके उपयोग संबंधी मार्गदर्शन दिया गया। कुछ लाभार्थियों ने कृत्रिम हाथ मिलने के बाद भोजन करने, वाहन चलाने एवं दैनिक कार्यों में सुविधा मिलने के अपने अनुभव साझा किए। दूर-दराज से आए लाभार्थियों के लिए ठहरने एवं भोजन की व्यवस्था भी की गई थी। कृत्रिम हाथों के उपयोग के दौरान किसी भी प्रकार की तकनीकी सहायता की आवश्यकता पड़ने पर इनाली फाउंडेशन से व्हाट्सऐप के माध्यम से संपर्क करने की सुविधा के बारे में भी जानकारी दी गई।
पूरे शिविर का आयोजन एवं व्यवस्थापन श्री शांति विजय सेवा समिति द्वारा किया गया, जबकि इनाली फाउंडेशन एवं रोटरी क्लब ऑफ पूना डाउनटाउन ने इसमें सहयोग प्रदान किया। यह आयोजन आधुनिक तकनीक, सेवा और मानवीय संवेदना के समन्वय से दिव्यांगजनों को अधिक आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल रहा।
वर्ष 1985 में स्थापित श्री शांति विजय सेवा समिति शिक्षा, स्वास्थ्य, गौसेवा, जरूरतमंदों को आर्थिक सहायता, प्राकृतिक आपदाओं में सहयोग एवं विभिन्न जनकल्याणकारी गतिविधियों में निरंतर योगदान देती आ रही है। समिति द्वारा लगभग 20 वर्षों तक जयपुर फुट शिविरों का आयोजन कर हजारों दिव्यांगजनों को कृत्रिम पैर एवं संबंधित सहायता उपलब्ध कराई गई है। इलेक्ट्रॉनिक कृत्रिम हाथों का यह शिविर समिति की सेवा परंपरा का एक महत्वपूर्ण विस्तार है।
समिति ने इस आयोजन में सहयोग देने वाले इनाली फाउंडेशन, रोटरी क्लब ऑफ पूना डाउनटाउन, उनकी टीम तथा सभी सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी जनकल्याण के ऐसे सेवाकार्य निरंतर जारी रखने की प्रतिबद्धता दोहराई।
सेवा और संवेदना की मिसाल बनी श्री शांति विजय सेवा समिति: 24 दिव्यांगजनों को निःशुल्क इलेक्ट्रॉनिक कृत्रिम हाथ देकर प्रशस्त की आत्मनिर्भरता की राह








